हरियाणा में हुए निकाय चुनाव में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने जबरदस्त प्रदर्शन करते हुए 10 में से 9 नगर निगमों में जीत दर्ज की है। वहीं, मानेसर नगर निगम में निर्दलीय प्रत्याशी डॉ. इंद्रजीत यादव ने जीत हासिल कर भाजपा को मात दी। इस शानदार जीत के साथ भाजपा ने यह साबित कर दिया कि राज्य में उसकी पकड़ अब भी मजबूत बनी हुई है।
भाजपा की प्रचंड जीत: 9 नगर निगमों में भाजपा का परचम
हरियाणा के 10 नगर निगमों के चुनाव परिणाम घोषित हो चुके हैं, जिनमें से 9 नगर निगमों में भाजपा ने बड़ी जीत दर्ज की। भाजपा ने रोहतक, हिसार, करनाल, अंबाला, सोनीपत, फरीदाबाद सहित अन्य नगर निगमों में मेयर पद पर कब्जा जमाया।
मानेसर में निर्दलीय की बाजी, भाजपा को झटका
मानेसर नगर निगम में निर्दलीय प्रत्याशी डॉ. इंद्रजीत यादव ने भाजपा प्रत्याशी सुंदर लाल को हराकर जीत हासिल की। डॉ. इंद्रजीत यादव ने प्रचार के दौरान खुद को केंद्रीय राज्यमंत्री और गुरुग्राम से भाजपा सांसद राव इंद्रजीत का करीबी बताया था।
रोहतक में भाजपा की ऐतिहासिक जीत, कांग्रेस को बड़ा झटका
रोहतक नगर निगम में भाजपा प्रत्याशी रामअवतार वाल्मीकि ने कांग्रेस प्रत्याशी सूरजमल किलोई को 45,171 वोटों के बड़े अंतर से हराया। इस बार भाजपा ने उन वार्डों में भी जीत हासिल की, जहां लोकसभा और विधानसभा चुनावों में कांग्रेस का दबदबा था।
जुलाना और जाखल मंडी में भी भाजपा को बढ़त
कांग्रेस विधायक विनेश फोगाट के विधानसभा क्षेत्र जुलाना में भाजपा प्रत्याशी डॉ. संजय जांगड़ा ने चेयरमैन पद पर जीत दर्ज की। वहीं, फतेहाबाद जिले की जाखल मंडी नगर पालिका में निर्दलीय उम्मीदवार विकास कुमार ने जीत हासिल की।
क्यों पिछड़ी कांग्रेस?
इस चुनाव में कांग्रेस का प्रदर्शन बेहद खराब रहा। रोहतक में पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा चुनाव प्रचार से दूर रहे, जबकि सांसद दीपेंद्र हुड्डा ने प्रचार की कमान संभाली। कांग्रेस के विधायक बीबी बतरा और शकुंतला खटक ने अपने-अपने क्षेत्रों में प्रचार किया, लेकिन पार्टी में चुनाव को लेकर खास उत्साह नहीं दिखा।
भाजपा ने क्यों दर्ज की शानदार जीत?
- मजबूत संगठन और प्रचार: भाजपा ने मुख्यमंत्री नायब सैनी, प्रदेश अध्यक्ष मोहन लाल बड़ौली और अन्य वरिष्ठ नेताओं के नेतृत्व में पूरी ताकत झोंक दी।
- ‘ट्रिपल इंजन’ सरकार का फायदा: केंद्र, राज्य और नगर निगम में भाजपा की सरकार होने से जनता ने भाजपा को प्राथमिकता दी।
- विकास कार्यों का प्रभाव: भाजपा सरकार के पिछले कार्यकाल में हुए विकास कार्यों का असर चुनाव परिणामों में दिखा।
- कांग्रेस की निष्क्रियता: कांग्रेस ने चुनाव प्रचार में पूरी तरह से ताकत नहीं झोंकी, जिससे भाजपा को बढ़त मिली।
खरखौदा नगरपालिका में भाजपा का परचम
खरखौदा नगरपालिका चुनाव में भी भाजपा ने जीत दर्ज की। भाजपा प्रत्याशी हीरा लाल इंदौरा ने निर्दलीय प्रत्याशी मैक्सिन ठेकेदार को हराया। पार्षद चुनाव में भी भाजपा का प्रदर्शन शानदार रहा।
रादौर नगरपालिका में भाजपा प्रत्याशी की जीत
रादौर नगर पालिका अध्यक्ष पद पर भाजपा प्रत्याशी रजनीश मेहता ने 1,904 वोटों से जीत दर्ज की। कांग्रेस और अन्य दलों ने अपने सिंबल पर चुनाव नहीं लड़ा, जिसका फायदा भाजपा को मिला।
सोनीपत मेयर उपचुनाव में भाजपा को बड़ी जीत
सोनीपत नगर निगम मेयर उपचुनाव में भाजपा प्रत्याशी राजीव जैन ने कांग्रेस प्रत्याशी कमल दीवान को 34,766 वोटों के बड़े अंतर से हराया। उन्होंने कहा कि अब ‘ट्रिपल इंजन’ सरकार सोनीपत के विकास को नई गति देगी।
हिसार में भी भाजपा का दबदबा
हिसार नगर निगम में कुल 20 वार्डों में से 17 पर भाजपा प्रत्याशी विजयी रहे। कांग्रेस सिर्फ एक सीट पर जीत दर्ज कर पाई, जबकि दो निर्दलीय प्रत्याशी भी जीते। भाजपा के मेयर प्रत्याशी प्रवीण पोपली ने 96,329 वोटों से जीत दर्ज की।
निकाय चुनाव के प्रमुख परिणाम (संक्षेप में)
- भाजपा: 10 में से 9 नगर निगमों में जीत।
- मानेसर: निर्दलीय डॉ. इंद्रजीत यादव विजयी।
- रोहतक: भाजपा के रामअवतार वाल्मीकि ने 45,171 वोटों से कांग्रेस को हराया।
- सोनीपत: भाजपा के राजीव जैन ने 34,766 वोटों से जीत दर्ज की।
- हिसार: भाजपा ने 17 वार्डों में जीत हासिल की।
- रादौर: भाजपा प्रत्याशी रजनीश मेहता विजयी।
- खरखौदा: भाजपा प्रत्याशी हीरा लाल इंदौरा ने जीत दर्ज की।
- जुलाना: भाजपा प्रत्याशी डॉ. संजय जांगड़ा विजयी।
- जाखल मंडी: निर्दलीय विकास कुमार की जीत।
भाजपा की प्रतिक्रिया: ‘जनता ने हमारी नीतियों पर भरोसा जताया’
रोहतक के नवनिर्वाचित मेयर रामअवतार वाल्मीकि ने कहा, “यह जीत भाजपा की नीतियों और विकास कार्यों की जीत है। अब ट्रिपल इंजन की सरकार रोहतक के विकास को नई गति देगी।”
कांग्रेस की प्रतिक्रिया: ‘भाजपा की सरकार होने से उन्हें फायदा मिला’
कांग्रेस प्रत्याशी सूरजमल किलोई ने कहा, “भाजपा की केंद्र और राज्य सरकार होने के कारण जनता ने उन्हें चुना। हम जनता के बीच रहकर उनकी आवाज उठाते रहेंगे।”
निष्कर्ष
हरियाणा नगर निगम चुनावों में भाजपा ने दमदार प्रदर्शन किया और कांग्रेस को करारी शिकस्त दी। भाजपा के लिए यह चुनाव न केवल राज्य में उसकी मजबूत पकड़ को दर्शाता है, बल्कि आगामी विधानसभा चुनावों के लिए भी शुभ संकेत हो सकता है।
